पंजाब में पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) का असर दिखने लगा है। मौसम विभाग ने 14 अक्टूबर को राज्य के कई जिलों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। कुछ इलाकों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। मौसम में इस बदलाव के कारण राज्य के तापमान में भी हल्की गिरावट देखने को मिल सकती है।
मौसम विभाग की ओर से मंगलवार शाम जारी बुलेटिन के अनुसार, पंजाब के औसत अधिकतम तापमान में पिछले दिन के मुकाबले 1.3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। हालांकि, अधिकतम तापमान सामान्य के करीब बना हुआ है। वहीं, औसत न्यूनतम तापमान में 1.2 डिग्री की बढ़ोतरी हुई, जो सामान्य से 1.9 डिग्री अधिक रहा। राज्य में सबसे अधिक अधिकतम तापमान फरीदकोट में 36.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान पठानकोट में 16.4 डिग्री रहा।
14 अक्टूबर: इन जिलों में ऑरेंज और येलो अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, कपूरथला, जालंधर, होशियारपुर, लुधियाना, नवांशहर, रूपनगर, मोहाली और फतेहगढ़ साहिब में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, पटियाला, संगरूर, बरनाला, मोगा, फरीदकोट, फिरोजपुर और तरनतारन में येलो अलर्ट है। इन इलाकों में गरज-चमक के साथ आंधी और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
15 अक्टूबर: मौसम की गतिविधियां रहेंगी जारी
15 अक्टूबर को भी इन्हीं जिलों में ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी रहने का अनुमान बताया गया है। लोगों को तेज हवाओं, गरज-चमक और संभावित बारिश के दौरान सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
16 और 17 अक्टूबर: अलर्ट नहीं, मौसम सामान्य होने की उम्मीद
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 16 और 17 अक्टूबर को राज्य में किसी तरह का अलर्ट जारी नहीं किया गया है। इस दौरान पश्चिमी विक्षोभ का असर कम होने और मौसम के धीरे-धीरे सामान्य होने की संभावना है।
चंडीगढ़ समेत प्रमुख शहरों का तापमान
चंडीगढ़ में अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री और न्यूनतम 19 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अमृतसर में अधिकतम तापमान 30.9 डिग्री और न्यूनतम 18.5 डिग्री रहा। लुधियाना में अधिकतम 32.6 डिग्री और न्यूनतम 19 डिग्री, जबकि पटियाला में अधिकतम 32.9 डिग्री और न्यूनतम 19.5 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।
मौसम में अचानक बदलाव को देखते हुए लोगों को सलाह दी जाती है कि तेज हवाओं और आंधी के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचें और मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर नजर रखें।

