सीमा सुरक्षा बल (BSF) ने शनिवार सुबह गुजरात के कच्छ जिले के कोरी क्रीक (Kori Creek) इलाके से 15 पाकिस्तानी मछुआरों को गिरफ्तार किया। ये सभी मछुआरे अवैध तरीके से भारतीय समुद्री सीमा (Indian Waters) में घुस आए थे।
BSF का ऑपरेशन
BSF अधिकारियों के मुताबिक, यह कार्रवाई शनिवार सुबह करीब 9 बजे हुई। इस दौरान BSF ने मछुआरों के पास से एक इंजन लगी नाव (engine-fitted boat) भी जब्त की। सभी पकड़े गए मछुआरों को अब स्थानीय पुलिस के हवाले कर दिया गया है, जहाँ उनसे पूछताछ की जाएगी।
क्यों संवेदनशील है कोरी क्रीक?
- कोरी क्रीक कच्छ के दलदली रण ऑफ कच्छ (Rann of Kutch) इलाके में स्थित है।
- यह क्षेत्र भारत और पाकिस्तान की समुद्री सीमा (maritime boundary) का हिस्सा है।
- यहाँ की सबसे बड़ी समस्या यह है कि सीमा की स्पष्ट रेखा (demarcation) जमीन पर नजर नहीं आती।
- दलदली इलाका, समुद्री नहरें और वीरान माहौल इस जगह को सुरक्षा के लिहाज से बहुत चुनौतीपूर्ण (challenging) बनाता है।
बार-बार होता है सीमा उल्लंघन
यह पहली बार नहीं है जब पाकिस्तान के मछुआरे भारतीय सीमा में पकड़े गए हों।
- BSF ने पहले भी कई बार ऐसे मछुआरों को पकड़ा है जो गलती से या जानबूझकर भारतीय सीमा में आ जाते हैं।
- इस पूरे इलाके में सर क्रीक (Sir Creek) और कोरी क्रीक दोनों ही भारत-पाकिस्तान के बीच लंबे समय से विवादित क्षेत्र हैं।
- सीमा तय न होने की वजह से कई बार मछुआरे यह समझ ही नहीं पाते कि वे किस देश के पानी में आ गए हैं।
- लेकिन सुरक्षा एजेंसियां मानती हैं कि कई बार यह घुसपैठ (infiltration) या अवैध गतिविधियों की कोशिश भी हो सकती है।
क्यों है यह विवाद अहम?
- सर क्रीक और कोरी क्रीक का विवाद सिर्फ सीमा तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका संबंध समुद्री संसाधनों (marine resources) और मछली पकड़ने के अधिकार से भी जुड़ा है।
- इस इलाके का आर्थिक और रणनीतिक (strategic) महत्व बहुत ज्यादा है।
- भारत और पाकिस्तान के बीच दशकों से इस सीमा विवाद पर बातचीत चलती रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला।
BSF की सख्ती जारी
BSF अधिकारियों ने कहा कि इस संवेदनशील क्षेत्र में निगरानी (surveillance) और कड़ी कर दी गई है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
गुजरात का कोरी क्रीक इलाका भारत-पाकिस्तान सीमा पर हमेशा से विवाद और घुसपैठ की घटनाओं के कारण चर्चा में रहा है। ताज़ा मामले में BSF ने 15 पाकिस्तानी मछुआरों को गिरफ्तार कर बड़ा एक्शन लिया है। यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि इस इलाके में सुरक्षा चुनौतियाँ लगातार बनी हुई हैं।