मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार बच्चों के सर्वांगीण विकास (overall development) के लिए लगातार कदम उठा रही है। इसी कड़ी में सरकार ने उन बच्चों के लिए खास पहल की है, जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं या अनाथ हैं।
सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि पंजाब सरकार की “स्पॉन्सरशिप स्कीम” के तहत इन बच्चों को 4000 रुपये प्रति बच्चा प्रति माह की सहायता दी जाती है।
किन बच्चों को मिलता है फायदा?
- ऐसे बच्चे जिनके परिवार आर्थिक तंगी के कारण उनकी सही देखभाल नहीं कर पा रहे।
- अनाथ बच्चे, जो अपने रिश्तेदारों या परिजनों के साथ रह रहे हैं।
कब तक मिलेगी यह मदद?
यह आर्थिक सहायता बच्चों को 18 साल की उम्र तक दी जाएगी, ताकि वे अपनी पढ़ाई जारी रख सकें और भविष्य बेहतर बना सकें।
अब तक कितने बच्चों को मिला लाभ?
डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि अब तक कुल 5475 बच्चों को इस योजना का फायदा मिल चुका है।
स्कीम का असली मकसद
डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि यह योजना सिर्फ पैसों तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों को एक bright future देने का प्रयास है।
- इस मदद से बच्चे पढ़ाई जारी रख सकते हैं।
- अपने सपनों को पूरा कर सकते हैं।
- समाज की मुख्यधारा से जुड़कर एक अच्छे नागरिक बन सकते हैं।
सरकार का विज़न
कैबिनेट मंत्री ने दोहराया कि पंजाब सरकार का मुख्य लक्ष्य है कि कोई भी बच्चा गरीबी या मजबूरी के कारण शिक्षा और जिंदगी में पीछे न रह जाए। मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुवाई में सरकार ऐसे बच्चों को न सिर्फ आर्थिक मदद दे रही है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और सफल बनाने की राह भी दिखा रही है।
मतलब साफ है, पंजाब सरकार की स्पॉन्सरशिप स्कीम आज हजारों बच्चों की जिंदगी बदल रही है। सरकार चाहती है कि हर बच्चा पढ़-लिखकर अपने पैरों पर खड़ा हो और समाज व राज्य की तरक्की में योगदान दे।