उत्तर प्रदेश के संभल में नवंबर 2024 में हुई हिंसा की न्यायिक आयोग की रिपोर्ट मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को सौंपी गई। रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ कि संभल दंगे में साज़िश के तहत हिंसा फैलाई गई थी, जिसमें बाहरी दंगाई और कट्टरपंथी संगठन शामिल थे।
संभल दंगे की शुरुआत 19 नवंबर 2024 को हुई, जब हिंदू पक्ष ने ज़िला अदालत में दावा किया कि शाही जामा मस्जिद मंदिर की ज़मीन पर बनी है। अदालत ने ASI सर्वे का आदेश दिया। 24 नवंबर 2024 को हुए दूसरे सर्वे के बाद क्षेत्र में हिंसा भड़क गई। इस हिंसा में चार लोगों की मौत और 29 पुलिसकर्मी घायल हुए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रतापगढ़ में विकास परियोजनाओं के उद्घाटन के दौरान कहा, “संभल घटना में हिंदुओं को निशाना बनाया गया। पहले की सरकारों में उनका जनसंख्या घटाई गई और दंगे कर उन्हें इलाके से बाहर किया गया। अब डबल इंजन सरकार किसी को भी डेमोग्राफी बदलने की अनुमति नहीं देगी। जो कोशिश करेगा, उसे भागना पड़ेगा। हम तुष्टिकरण नहीं बल्कि संतुष्टिकरण (satisfaction) की नीति पर काम कर रहे हैं।”
रिपोर्ट में कहा गया है कि संभल में हिंदू आबादी 1947 में 45% थी, जो अब घटकर 15% हो गई है, जबकि मुस्लिम आबादी अब 85% है। इसके अलावा, रिपोर्ट में यह भी लिखा है कि हिंसा में कट्टरपंथी संगठन, अवैध हथियार और नशा नेटवर्क शामिल थे। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से बड़े पैमाने पर मास्साकर रोका गया।
आयोग ने संभल के इतिहास का भी जिक्र किया:
- 1953 – शिया-सुन्नी झगड़ा
- 1956, 1959, 1962 – बड़े दंगे, 1962 में जनसंघ विधायक महेश गुप्ता की हत्या
- 1966, 1976 – मस्जिद समिति विवाद और मौलवी की हत्या, जिसके बाद मंदिरों पर हमले और कर्फ्यू
योगी आदित्यनाथ ने कहा, “सपा और कांग्रेस की सरकारें हमेशा माफिया को बढ़ावा देती थीं और गरीबों के अधिकार छीनती थीं। लेकिन हमारी डबल इंजन सरकार ने माफिया संस्कृति खत्म कर विकास की नई राह बनाई है।”
उन्होंने प्रतापगढ़ में 186 विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया, जिनकी कुल लागत ₹570 करोड़ है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यहाँ का आंवला उद्योग विश्व स्तर तक पहुंच रहा है, सोनलाल पटेल मेडिकल कॉलेज बनाया गया है और गंगा एक्सप्रेसवे जैसे कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट से विकास तेज़ हुआ है।
महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण पर योगी ने कहा, “जो भी बेटी की इज़्ज़त से खेलेगा, उसे अगले मोड़ पर यमराज मिलेगा।” हाल की 60,244 पुलिस भर्ती में 12,000 से अधिक बेटियाँ शामिल हुई हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग में 2,425 महिला पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं।
उन्होंने विभिन्न योजनाओं का भी जिक्र किया:
- बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ
- कन्या सुमंगला योजना
- प्रधानमंत्री आवास योजना और मुख्यमंत्री आवास योजना
- PM-Kusum Scheme, आयुष्मान भारत कार्ड, और बाल सेवा योजना (Covid-19)
योगी ने विपक्ष पर हमला करते हुए कहा, “INDIA गठबंधन (कांग्रेस+सपा) देश को जाति और धर्म के नाम पर बाँटने की कोशिश कर रहा है।” उन्होंने हाल ही में बिहार में हुई रैली में प्रधानमंत्री मोदी और उनकी मां पर की गई अपशब्द टिप्पणियों की निंदा की।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि डबल इंजन सरकार ने पिछले आठ साल में 6 करोड़ लोगों को गरीबी रेखा से ऊपर उठाया है, माफिया खत्म किए हैं, और राज्य को विकास की राह पर आगे बढ़ाया है।