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	<title>AirPollution &#8211; NKN: Punjabi News Online, Today Punjab News, Today Breaking News</title>
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	<description>NKN: Punjabi News Online, Today Punjab News, Today Breaking News</description>
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		<title>NO PUCC NO Fuel: दिल्ली में आज से बिना PUCC पेट्रोल-डीजल नहीं, जानें नए नियम के बारे में</title>
		<link>https://newknowledgenews.com/no-pucc-no-fuel-no-petrol-diesel-without-pucc-in-delhi-from-today-know-about-the-new-rule/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Divak Savi]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 18 Dec 2025 08:21:01 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[दिल्ली]]></category>
		<category><![CDATA[#Delhi]]></category>
		<category><![CDATA[#latestnews]]></category>
		<category><![CDATA[AirPollution]]></category>
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					<description><![CDATA[राजधानी दिल्ली में इस समय प्रदूषण से हर तरफ अफरा-तफरी का माहौल है. राजधानी की हवा इतनी जहरीली हो चुकी है कि लोगों का सांस लेना तक मुश्किल हो गया है. कई इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 400 के पार पहुंच चुका है. हालात को देखते हुए दिल्ली सरकार ने सख्त कदम उठाने शुरू [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[

राजधानी दिल्ली में इस समय प्रदूषण से हर तरफ अफरा-तफरी का माहौल है. राजधानी की हवा इतनी जहरीली हो चुकी है कि लोगों का सांस लेना तक मुश्किल हो गया है. कई इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 400 के पार पहुंच चुका है. हालात को देखते हुए दिल्ली सरकार ने सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए हैं. बढ़ते प्रदूषण को काबू में करने के लिए ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) के तीसरे चरण को लागू कर दिया गया है.

 

GRAP-3 लागू होने के बाद दिल्ली सरकार के सभी दफ्तरों और निजी कार्यालयों में कर्मचारियों की संख्या आधी कर दी गई है. यानी अब केवल 50 प्रतिशत कर्मचारी ही ऑफिस आएंगे, जबकि बाकी लोग वर्क फ्रॉम होम करेंगे.

 

दिल्ली में प्रदूषण से निपटने के लिए बुधवार-गुरुवार रात 12 बजे से ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) का चौथा फेज लागू हो गया है। इसके तहत कई सख्त नियम लगाए गए है। दिल्ली में आज से सिर्फ BS-6 इंजन वाली गाड़ियों को एंट्री मिल रही है।

 

इससे कम मानक वाले, दिल्ली के बाहर की गाड़ियों को शहर में आने नहीं दिया जा रहा है। इस फैसले से दिल्ली में बाहर से रोजाना आने-जाने वाली 12 लाख गाडियों पर असर पड़ा है। नोएडा से 4 लाख से ज्यादा, गुरुग्राम से 2 लाख और गाजियाबाद से 5.5 लाख वाहनों को दिल्ली में आने से बैन कर दिया गया है।

 

दिल्ली में &#8216;नो PUC, नो फ्यूल&#8217; नियम भी लागू हो गया है। पॉल्युशन अंडर कंट्रोल (PUC) सर्टिफिकेट के बिना गाड़ियों को पेट्रोल, डीजल या CNG नहीं दिया जा रहा है। बिना PUC सर्टिफिकेट वाली गाड़ियों की पहचान के लिए पेट्रोल पंपों पर ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रीडर (ANPR) कैमरे लगाए गए हैं।

 

शहर के अंदर और बॉर्डर पर जगह-जगह गाड़ियों की चेकिंग की जा रही है। PUC जांच में फेल होने पर गाड़ियों को बिना फ्यूल दिए पेट्रोल पंप से लौटाया जा रहा है। वहीं, नॉन BS-6 इंजन वाली गाड़ियां बॉर्डर से यू-टर्न ले रही हैं।

 

<strong>पुरानी कारों की एंट्री पर ₹20 हजार जुर्माना या बॉर्डर से यू-टर्न</strong>

 

दिल्ली परिवहन विभाग के अधिकारी दीपक ने बताया कि दिल्ली के बाहर रजिस्टर्ड गैर-BS6 कॉमर्शियल और निजी वाहनों की सख्ती से जांच की जा रही है। नियमों का उल्लंघन करने पर 20 हजार रुपए का चालान किया जा रहा है या वाहन को यू-टर्न करवाया जा रहा है।

 

जिन वाहनों के पास वैध और अपडेटेड पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल सर्टिफिकेट (PUC) नहीं है, उन पर 10 हजार रुपए जुर्माना लगाया जा रहा है। मोटर वाहन अधिनियम के तहत, बार-बार नियम तोड़ने पर वाहन को जब्त करने का प्रावधान है।

 

<strong>CNG,</strong> <strong>इलेक्ट्रिक वाहन और जरूरी सेवाओं वाले वाहनों को छूट</strong>

 

दिल्ली में GRAP-4 के तहत निर्माण सामग्री ले जाने वाले वाहनों पर पूरी तरह बैन है।​ CNG, इलेक्ट्रिक वाहन, पब्लिक ट्रांसपोर्ट और जरूरी सेवाओं को छूट दी गई है। ट्रैफिक जाम रोकने के लिए 100 हॉटस्पॉट्स पर गूगल मैप मदद लेगा। नियम तोड़ने पर वाहन जब्ती, जुर्माना और कानूनी कार्रवाई होगी। पर्यावरण अधिनियम 1986 के तहत सजा मिलेगी।​

 

सभी सरकारी और प्राइवेट दफ्तरों में 50% कर्मचारियों के लिए वर्क फ्रॉम होम अनिवार्य कर दिया गया है। प्राइमरी स्कूलों में बच्चों की ऑनलाइन क्लासेज चलेंगी। सेकेंडरी और हायर सेकेंडरी के स्टूडेंट्स को अपनी मर्जी से ऑनलाइन या फिजिकल क्लास चुनने का ऑप्शन दिया गया है।

 

<strong>दिल्ली में धुंध-कोहरे के कारण 22 उड़ानें रद्द</strong>

 

दिल्ली-NCR में गुरुवार सुबह धुंध के साथ घना कोहरा छाया रहा, जिससे विजिबिलिटी काफी कम हो गई। इससे यातायात प्रभावित हुआ। पालम एयरपोर्ट पर विजिबिलिटी घटकर 150 मीटर रह गई, जबकि सफदरजंग एयरपोर्ट पर 200 मीटर विजिबिलिटी रिकॉर्ड की गई।

 

एयरपोर्ट अधिकारियों के मुताबिक, आज सुबह 11 बजे तक दिल्ली से 22 उड़ानें रद्द हुई है। इस बीच एअर इंडिया ने आने वाले कुछ दिनों में उड़ान परिचालन प्रभावित होने की आशंका जताई है। एयरलाइन के मुताबिक, दिल्ली समेत उत्तर और पूर्वी भारत के कई एयरपोर्ट्स पर कोहरे के कारण कम दिखाई देने की वजह से उड़ानों में देरी या रद्द होने की स्थिति बन सकती है।

 

<strong>दिल्ली में अगले 6 दिन AQI बहुत खराब रहने का अनुमान</strong>

 

मौसम विभाग ने बताया कि दिल्ली में सर्दी बढ़ने के साथ आने वाले दिनों में सुबह के समय कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है। IMD ने गुरुवार और शुक्रवार को घने कोहरे का पूर्वानुमान जताया है।

 

इस बीच, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार राजधानी की वायु गुणवत्ता ‘बहुत खराब’ श्रेणी में बनी हुई है। एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 358 दर्ज किया गया। दिल्ली में अगले 6 दिन तक AQI ‘बहुत खराब’ और ‘गंभीर’ श्रेणी में रहने का पूर्वानुमान है।

]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Punjab के 8 Districts में Cold Wave Alert: Minimum Temperature 0.4°C नीचे, Faridkot सबसे ठंडा, Gobindgarh की हवा Highly Polluted</title>
		<link>https://newknowledgenews.com/cold-wave-alert-in-8-districts-of-punjab-minimum-temperature-drops-by-0-4c-faridkot-coldest-gobindgarhs-air-highly-polluted/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Divak Savi]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Dec 2025 05:12:16 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[पंजाब]]></category>
		<category><![CDATA[AirPollution]]></category>
		<category><![CDATA[AQI]]></category>
		<category><![CDATA[ColdWaveAlert]]></category>
		<category><![CDATA[Faridkot]]></category>
		<category><![CDATA[Gobindgarh]]></category>
		<category><![CDATA[NorthIndiaWeather]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabNews]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabWeather]]></category>
		<category><![CDATA[TemperatureDrop]]></category>
		<category><![CDATA[WeatherUpdate]]></category>
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					<description><![CDATA[पंजाब और चंडीगढ़ में ठंड का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। सुबह और शाम की ठिठुरन लोगों को परेशान कर रही है। कई जिलों में तो रात का तापमान इतना गिर गया है कि वह शिमला से भी नीचे पहुंच चुका है। मौसम विभाग की ओर से आज और कल के लिए कोल्ड वेव [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>पंजाब और चंडीगढ़ में ठंड का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। सुबह और शाम की ठिठुरन लोगों को परेशान कर रही है। कई जिलों में तो रात का तापमान इतना गिर गया है कि वह शिमला से भी नीचे पहुंच चुका है। मौसम विभाग की ओर से <strong>आज और कल के लिए कोल्ड वेव का येलो अलर्ट</strong> जारी किया गया है।</p>
<p>राज्य के न्यूनतम तापमान में औसतन <strong>0.4°C </strong><strong>की गिरावट</strong> दर्ज की गई है। तापमान अब सामान्य के काफी करीब पहुंच चुका है। पंजाब में सबसे ज्यादा ठंड <strong>फरीदकोट</strong> में रिकॉर्ड हुई, जहां रात का तापमान <strong>2.0°C</strong> दर्ज हुआ। इसके विपरीत, दिन के तापमान में बठिंडा सबसे आगे रहा और यहां <strong>27.1°C</strong> तक गर्मी महसूस की गई।</p>
<h2><strong>8 </strong><strong>जिलों में </strong><strong>Cold Wave </strong><strong>का अलर्ट</strong></h2>
<p>मौसम विभाग ने बताया कि हरियाणा के ऊपर <strong>वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (Western Disturbance)</strong> बना हुआ है, जिसके कारण पंजाब पर भी इसका असर देखने को मिल रहा है। हिमाचल और जम्मू-कश्मीर में तापमान पहले ही गिर चुका है और यह ठंडी हवाएं पंजाब की तरफ भी बढ़ रही हैं।</p>
<p>आज जिन जिलों में <strong>कोल्ड वेव चलने का अनुमान</strong> है, वे हैं—</p>
<ul>
<li>होशियारपुर</li>
<li>फिरोजपुर</li>
<li>फरीदकोट</li>
<li>मुक्तसर</li>
<li>फाजिल्का</li>
<li>बठिंडा</li>
<li>मोगा</li>
<li>जालंधर</li>
</ul>
<p>इन इलाकों में सुबह और रात के समय ठंड और ज्यादा महसूस की जाएगी। हालांकि मौसम <strong>पूरी तरह शुष्क (Dry)</strong> रहने वाला है और बारिश की कोई संभावना नहीं है।</p>
<h2><strong>पंजाब और चंडीगढ़ की हवा भी खराब</strong></h2>
<p>ठंड के साथ हवा में प्रदूषण भी बढ़ा हुआ है। धान का सीजन लगभग खत्म होने के बाद भी <strong>AQI </strong><strong>में सुधार नहीं</strong> दिखाई दे रहा। कई शहरों में हवा की क्वालिटी लगातार &#8216;Poor&#8217; कैटेगरी में बनी हुई है।</p>
<p>सुबह 6 बजे तक विभिन्न जगहों का AQI—</p>
<ul>
<li>अमृतसर – 94</li>
<li>बठिंडा – 76</li>
<li>जालंधर – 180</li>
<li>खन्ना – 115</li>
<li>लुधियाना – 120</li>
<li><strong>मंडी गोबिंदगढ़ – 239 (</strong><strong>सबसे ज्यादा प्रदूषित)</strong></li>
<li>पटियाला – 105</li>
<li>रूपनगर – 63</li>
</ul>
<p>चंडीगढ़ में स्थिति मिश्रित है।</p>
<ul>
<li>सेक्टर-22 का डाटा रिकॉर्ड नहीं हुआ।</li>
<li>पंजाब यूनिवर्सिटी और सेक्टर-25 का AQI <strong>128</strong> रहा।</li>
<li>मोहाली के पास सेक्टर-53 का AQI भी रिकॉर्ड नहीं हुआ।</li>
</ul>
<p>प्रदूषण विशेषज्ञों का कहना है कि बदलता मौसम, धूल, वाहन और इंडस्ट्रियल एरिया का स्मॉग अभी भी हवा खराब कर रहे हैं।</p>
<h2><strong>आने वाले </strong><strong>7 </strong><strong>दिनों का मौसम </strong><strong>– </strong><strong>आसान भाषा में समझें</strong></h2>
<ol>
<li><strong>पूरा सप्ताह बारिश की कोई संभावना नहीं</strong>, मौसम पूरी तरह सूखा रहेगा।</li>
<li>कुछ जिलों में <strong>हल्का से मध्यम कोहरा</strong> देखने को मिल सकता है, खासकर सुबह के समय।</li>
<li>अगले दो दिनों में तापमान लगभग इसी तरह रहेगा।<br />
लेकिन उसके बाद <strong>3 </strong><strong>दिनों में रात के तापमान में 2–4°C </strong><strong>तक की गिरावट</strong> संभव है। इसके बाद ठंड स्थिर होने की उम्मीद है।</li>
</ol>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Punjab के Temperature में गिरावट जारी, लेकिन Pollution से राहत नहीं: Faridkot में Temperature सबसे कम, कई शहरों में AQI Dangerous Levels पर</title>
		<link>https://newknowledgenews.com/temperature-continues-to-drop-in-punjab-but-no-relief-from-pollution-faridkot-records-the-lowest-temperature-aqi-reaches-dangerous-levels-in-many-cities/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Divak Savi]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 15 Nov 2025 07:36:33 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[पंजाब]]></category>
		<category><![CDATA[AirPollution]]></category>
		<category><![CDATA[AirQuality]]></category>
		<category><![CDATA[AQI]]></category>
		<category><![CDATA[ColdWave]]></category>
		<category><![CDATA[Faridkot]]></category>
		<category><![CDATA[NewsUpdate]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabNews]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabPollution]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabWeather]]></category>
		<category><![CDATA[WeatherUpdate]]></category>
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					<description><![CDATA[पंजाब में इन दिनों मौसम बदल रहा है। सुबह और रात की ठंड धीरे-धीरे बढ़ती जा रही है। तापमान लगातार गिर रहा है और कई शहरों में पारा सामान्य से भी नीचे पहुंच चुका है। हालांकि, वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (Western Disturbance) एक्टिव न होने के कारण बारिश की कोई संभावना नहीं है। इस वजह से आने [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>पंजाब में इन दिनों मौसम बदल रहा है। सुबह और रात की ठंड धीरे-धीरे बढ़ती जा रही है। तापमान लगातार गिर रहा है और कई शहरों में पारा सामान्य से भी नीचे पहुंच चुका है। हालांकि, <strong>वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (</strong><strong>Western Disturbance)</strong> एक्टिव न होने के कारण बारिश की कोई संभावना नहीं है। इस वजह से आने वाले दिनों में तापमान में 1–2°C की हल्की बढ़ोतरी भी हो सकती है, लेकिन कुल मिलाकर मौसम में ठंडक बनी रहेगी।</p>
<h2><strong>रात का पारा गिरा</strong><strong>, </strong><strong>फरीदकोट सबसे ठंडा</strong></h2>
<p>मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, बीते 24 घंटों में तापमान में <strong>0.2°C </strong><strong>की गिरावट</strong> दर्ज की गई। पंजाब के सभी शहरों का <strong>न्यूनतम तापमान </strong><strong>10°C </strong><strong>या उससे कम</strong> रहा है।</p>
<h3><strong>सबसे ठंडा शहर</strong></h3>
<ul>
<li><strong>फरीदकोट </strong><strong>– 7°C</strong></li>
</ul>
<h3>अन्य शहरों का न्यूनतम तापमान:</h3>
<ul>
<li>अमृतसर – 9.4°C</li>
<li>लुधियाना – 9.5°C</li>
<li>पठानकोट – 9.3°C</li>
<li>बठिंडा – 8°C</li>
<li>गुरदासपुर – 10°C</li>
</ul>
<p>ठंड बढ़ने से सुबह के समय हल्की धुंध भी दिखाई दे रही है, जिससे लोगों को ठिठुरन महसूस हो रही है।</p>
<h2><strong>दिन का तापमान </strong><strong>30°C </strong><strong>से नीचे</strong></h2>
<p>राज्य में अधिकतम तापमान भी अब कम हो रहा है। सबसे ज्यादा तापमान <strong>बठिंडा में </strong><strong>29.9°C</strong> दर्ज किया गया।</p>
<h3>प्रमुख शहरों का अधिकतम तापमान:</h3>
<ul>
<li>अमृतसर – 25.6°C</li>
<li>लुधियाना – 26.6°C</li>
<li>पटियाला – 26.8°C</li>
<li>पठानकोट – 23.8°C</li>
</ul>
<p>दिन में धूप खिल रही है, लेकिन शाम होते ही ठंडी हवा चलने लगती है।</p>
<h2><strong>प्रदूषण बढ़ा</strong><strong>, </strong><strong>लोगों की मुश्किलें भी</strong></h2>
<p>तापमान गिरने के बावजूद पंजाब को <strong>प्रदूषण से राहत नहीं मिल रही</strong>। हवा में नमी और ठंड के कारण प्रदूषण नीचे बैठ रहा है। कई शहरों में AQI 200 से ऊपर पहुँच गया है, जो “बहुत खराब” (Very Poor) कैटेगरी में आता है।</p>
<h3><strong>पंजाब के प्रमुख शहरों का </strong><strong>AQI</strong></h3>
<table>
<thead>
<tr>
<td><strong>शहर</strong></td>
<td><strong>AQI (9 </strong><strong>बजे)</strong></td>
<td><strong>अधिकतम AQI (24 </strong><strong>घंटे)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td>अमृतसर</td>
<td>158</td>
<td>297</td>
</tr>
<tr>
<td>बठिंडा</td>
<td>डेटा नहीं</td>
<td>286</td>
</tr>
<tr>
<td>जालंधर</td>
<td>135</td>
<td>151</td>
</tr>
<tr>
<td>खन्ना</td>
<td>247</td>
<td>341</td>
</tr>
<tr>
<td>लुधियाना</td>
<td>177</td>
<td>235</td>
</tr>
<tr>
<td>मंडी गोबिंदगढ़</td>
<td>261</td>
<td>338</td>
</tr>
<tr>
<td>पटियाला</td>
<td>150</td>
<td>225</td>
</tr>
<tr>
<td>रूपनगर</td>
<td>81</td>
<td>456</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<h3><strong>सबसे प्रदूषित शहर</strong></h3>
<ul>
<li><strong>खन्ना</strong></li>
<li><strong>मंडी गोबिंदगढ़</strong></li>
</ul>
<p>इन शहरों का औसत प्रदूषण स्तर 200 से ऊपर दर्ज किया गया, जो बेहद खतरनाक माना जाता है।</p>
<h2><strong>प्रदूषण क्यों बढ़ रहा है</strong><strong>?</strong></h2>
<ul>
<li>हवा में ठहराव</li>
<li>तापमान में गिरावट</li>
<li>बारिश न होना</li>
<li>पराली जलाने की घटनाएँ</li>
</ul>
<p>अगले दो हफ्तों में <strong>बारिश की कोई संभावना नहीं</strong>, इसलिए हवा में सुधार की उम्मीद कम है।</p>
<h2><strong>स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी</strong></h2>
<p>सेहत विभाग ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है:</p>
<ul>
<li>बाहर निकलते समय <strong>मास्क पहनें</strong></li>
<li>सुबह-शाम अनावश्यक बाहर न जाएं</li>
<li>पराली को <strong>आग न लगाएं</strong></li>
<li>बुजुर्ग, बच्चे और सांस के मरीज खास ध्यान रखें</li>
</ul>
<h2><strong>पंजाब के प्रमुख शहरों का आज का मौसम अनुमान</strong></h2>
<table>
<thead>
<tr>
<td><strong>शहर</strong></td>
<td><strong>अधिकतम</strong></td>
<td><strong>न्यूनतम</strong></td>
<td><strong>मौसम</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td>अमृतसर</td>
<td>24°C</td>
<td>10°C</td>
<td>साफ, धूप</td>
</tr>
<tr>
<td>जालंधर</td>
<td>24°C</td>
<td>10°C</td>
<td>साफ, हल्की धूप</td>
</tr>
<tr>
<td>लुधियाना</td>
<td>27°C</td>
<td>10°C</td>
<td>धूप</td>
</tr>
<tr>
<td>पटियाला</td>
<td>27°C</td>
<td>10°C</td>
<td>साफ मौसम</td>
</tr>
<tr>
<td>मोहाली</td>
<td>27°C</td>
<td>9°C</td>
<td>साफ मौसम</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<p>&nbsp;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Punjab-Chandigarh में सुबह शाम की ठंड बढ़ी, Mandi Gobindgarh की हवा सबसे polluted</title>
		<link>https://newknowledgenews.com/cold-intensifies-in-punjab-and-chandigarh-mornings-and-evenings-mandi-gobindgarh-records-the-most-polluted-air/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Divak Savi]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 12 Nov 2025 04:26:45 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[पंजाब]]></category>
		<category><![CDATA[#Punjab]]></category>
		<category><![CDATA[AirPollution]]></category>
		<category><![CDATA[AQI]]></category>
		<category><![CDATA[Chandigarh]]></category>
		<category><![CDATA[ChandigarhNews]]></category>
		<category><![CDATA[CleanAir]]></category>
		<category><![CDATA[ColdWave]]></category>
		<category><![CDATA[Environment]]></category>
		<category><![CDATA[MandiGobindgarh]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabNews]]></category>
		<category><![CDATA[StubbleBurning]]></category>
		<category><![CDATA[weatherreport]]></category>
		<category><![CDATA[WeatherUpdate]]></category>
		<category><![CDATA[WinterSeason]]></category>
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					<description><![CDATA[पंजाब और चंडीगढ़ में अब ठंड ने दस्तक दे दी है। सुबह और शाम के साथ-साथ रातें भी ठंडी होने लगी हैं। लोगों को अब हल्के गर्म कपड़ों की जरूरत महसूस हो रही है। मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले हफ्तेभर तक आसमान साफ रहेगा और बारिश की कोई संभावना नहीं है। पिछले 24 घंटों [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>पंजाब और चंडीगढ़ में अब ठंड ने दस्तक दे दी है। सुबह और शाम के साथ-साथ रातें भी ठंडी होने लगी हैं। लोगों को अब हल्के गर्म कपड़ों की जरूरत महसूस हो रही है। मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले हफ्तेभर तक आसमान साफ रहेगा और बारिश की कोई संभावना नहीं है।</p>
<p>पिछले 24 घंटों में राज्य के औसत <strong>अधिकतम तापमान में </strong><strong>0.5 </strong><strong>डिग्री की गिरावट</strong> दर्ज की गई है। यह सामान्य स्तर के करीब पहुंच गया है। फिलहाल पंजाब के समराला में सबसे ज्यादा <strong>29.9 </strong><strong>डिग्री सेल्सियस</strong> तापमान रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग का कहना है कि <strong>अगले तीन दिनों तक न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा</strong>, लेकिन यह सामान्य से <strong>2 </strong><strong>से </strong><strong>4 </strong><strong>डिग्री कम</strong> रह सकता है।</p>
<p><strong>हवा में बढ़ता प्रदूषण</strong></p>
<p>जैसे-जैसे ठंड बढ़ रही है, वैसे-वैसे प्रदूषण का असर भी बढ़ता जा रहा है। पंजाब की वायु गुणवत्ता (Air Quality) की बात करें तो <strong>मंडी गोबिंदगढ़</strong> की हवा इस समय सबसे ज्यादा खराब पाई गई है। यहां सुबह 6 बजे <strong>AQI 206</strong> दर्ज किया गया, जो “खराब” श्रेणी में आता है।</p>
<p>अन्य शहरों की वायु स्थिति इस प्रकार रही:</p>
<ul>
<li><strong>अमृतसर:</strong> AQI 114</li>
<li><strong>बठिंडा:</strong> AQI 192</li>
<li><strong>जालंधर:</strong> AQI 158</li>
<li><strong>खन्ना:</strong> AQI 169</li>
<li><strong>लुधियाना:</strong> AQI 163</li>
<li><strong>पटियाला:</strong> AQI 128</li>
<li><strong>रूपनगर:</strong> AQI 84</li>
</ul>
<p>वहीं, <strong>चंडीगढ़ की हवा फिलहाल साफ है।</strong> शहर के तीनों मॉनिटरिंग स्टेशनों पर AQI <strong>72 </strong><strong>से </strong><strong>83</strong> के बीच दर्ज किया गया, जो “अच्छा” (Good) श्रेणी में माना जाता है।</p>
<p><strong>पराली जलाने से बढ़ी परेशानी</strong></p>
<p>पंजाब में प्रदूषण का सबसे बड़ा कारण <strong>पराली जलाना (</strong><strong>Stubble Burning)</strong> बना हुआ है। सरकार की कोशिशों के बावजूद किसानों द्वारा पराली जलाने के मामले लगातार बढ़ रहे हैं।</p>
<p><strong>15 </strong><strong>सितंबर से </strong><strong>11 </strong><strong>नवंबर तक कुल </strong><strong>4507 </strong><strong>पराली जलाने के मामले दर्ज</strong> किए गए हैं। जबकि <strong>31 </strong><strong>अक्टूबर तक सिर्फ </strong><strong>1642 </strong><strong>केस</strong> सामने आए थे। यानी, <strong>पिछले </strong><strong>11 </strong><strong>दिनों में ही रिकॉर्ड संख्या में पराली जलाई गई है।</strong></p>
<p>इस बढ़ोतरी की बड़ी वजह <strong>गेहूं की बुआई शुरू होना</strong> है। किसान खेत जल्दी खाली करने के लिए पराली जलाने का सहारा ले रहे हैं।</p>
<p>राज्य सरकार की ओर से इस पर सख्ती भी की जा रही है —</p>
<ul>
<li>अब तक <strong>1147 </strong><strong>केसों में जुर्माना लगाया गया</strong> है।</li>
<li>कुल <strong>1 </strong><strong>करोड़ रुपए का जुर्माना</strong>, जिसमें से <strong>92 </strong><strong>लाख रुपए वसूले जा चुके हैं।</strong></li>
<li><strong>781 </strong><strong>नोडल अफसर</strong> पराली जलाने की निगरानी और रोकथाम के लिए तैनात हैं।</li>
</ul>
<p><strong>आने वाले दिनों का मौसम</strong></p>
<p>मौसम विभाग के अनुसार आने वाले <strong>सात दिनों तक आसमान साफ रहेगा</strong>, किसी भी तरह की बारिश की संभावना नहीं है। तापमान सामान्य से थोड़ा कम रहेगा, जिससे सुबह-शाम हल्की ठंड बनी रहेगी।</p>
<p>पंजाब और चंडीगढ़ में मौसम सुहाना जरूर हो रहा है, लेकिन <strong>प्रदूषण की समस्या</strong> लोगों की सेहत के लिए खतरा बनती जा रही है। सरकार की अपील है कि किसान पराली न जलाएं और वैकल्पिक उपाय अपनाएं। वहीं, लोगों को सुबह-शाम बाहर निकलते समय मास्क लगाने और सर्दी से बचाव के उपाय करने की सलाह दी गई है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Montha के कमजोर पड़ते ही बढ़ा Pollution: Punjab में रात का तापमान सामान्य से 3°C ज्यादा, जल्द गिरेगा पारा</title>
		<link>https://newknowledgenews.com/pollution-rises-as-cyclone-montha-weakens-night-temperature-in-punjab-3c-above-normal-mercury-to-drop-soon/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Divak Savi]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 31 Oct 2025 05:22:23 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[पंजाब]]></category>
		<category><![CDATA[AirPollution]]></category>
		<category><![CDATA[AQI]]></category>
		<category><![CDATA[ColdWaveComing]]></category>
		<category><![CDATA[CycloneMontha]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabNews]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabWeather]]></category>
		<category><![CDATA[SmogAlert]]></category>
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		<category><![CDATA[WeatherUpdate]]></category>
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					<description><![CDATA[चक्रवाती तूफान मोंथा  के कमजोर पड़ने के बाद पंजाब में मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। जहां कुछ दिन पहले तक ठंडी हवाओं का असर था, वहीं अब तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। तापमान बढ़ने के साथ-साथ प्रदूषण का स्तर भी तेजी से बढ़ा है। मौसम विभाग के आंकड़ों [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>चक्रवाती तूफान <em>मोंथा</em>  के कमजोर पड़ने के बाद पंजाब में मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। जहां कुछ दिन पहले तक ठंडी हवाओं का असर था, वहीं अब तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। तापमान बढ़ने के साथ-साथ प्रदूषण का स्तर भी तेजी से बढ़ा है।</p>
<p>मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, पंजाब का अधिकतम तापमान औसतन 1.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 0.6 डिग्री बढ़ा है। इसके चलते रात का तापमान सामान्य से लगभग 3 डिग्री तक अधिक बना हुआ है। यानी दिन और रात, दोनों समय अब पहले की तुलना में गर्मी ज्यादा महसूस की जा रही है।</p>
<p><strong>हवा की रफ्तार घटी, </strong><strong>स्मॉग ने बढ़ाई परेशानी</strong><br />
मोंथा के कमजोर होने के बाद अब हवाओं की रफ्तार भी धीमी पड़ गई है और दिशा बदलने से वातावरण में धुंध (Smog) बन रही है। इससे प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ रहा है। अमृतसर को छोड़कर लगभग सभी जिलों में AQI (Air Quality Index) यानी हवा की गुणवत्ता बिगड़ चुकी है।<br />
जालंधर की स्थिति सबसे खराब बताई जा रही है, जहां AQI 200 के पार पहुंच चुका है। यही वजह है कि वहां <em>Orange Alert</em> जारी किया गया है।</p>
<p><strong>अगले दो दिन रह सकती है धुंध, </strong><strong>फिर गिरेगा तापमान</strong><br />
मौसम विज्ञान केंद्र की रिपोर्ट के अनुसार, पंजाब में अगले दो दिनों तक हल्की से मध्यम धुंध बनी रह सकती है। इस दौरान न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद अगले 2 से 3 दिनों में तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आ सकती है।</p>
<p>इस गिरावट के बाद सुबह और शाम के वक्त ठंडक महसूस होने लगेगी। यानी फिलहाल तो दिन हल्के गर्म बने रहेंगे, लेकिन जल्द ही मौसम एक बार फिर ठंड की ओर मुड़ने वाला है।</p>
<p><strong>लोगों के लिए सलाह</strong><br />
विशेषज्ञों का कहना है कि इस समय हवा की गुणवत्ता खराब हो रही है, इसलिए सुबह और शाम के समय बाहर निकलने से बचें, खासकर बुजुर्ग, बच्चे और सांस से जुड़ी बीमारी वाले लोग। घरों में पौधे लगाना और जरूरत पड़ने पर <em>mask</em> का इस्तेमाल करना भी जरूरी है।</p>
<p><strong>कुल मिलाकर</strong>, मोंथा के कमजोर पड़ते ही पंजाब का मौसम बदल गया है — तापमान बढ़ा है, हवा में स्मॉग बढ़ा है, लेकिन कुछ दिनों में तापमान में गिरावट से राहत मिलने की उम्मीद है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Punjab में पराली जलाने की Incidents में 75% गिरावट, फिर भी Delhi Pollution के लिए Punjab के किसान क्यों निशाने पर?</title>
		<link>https://newknowledgenews.com/stubble-burning-incidents-in-punjab-drop-by-75-yet-punjab-farmers-are-still-targeted-for-delhis-pollution/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Divak Savi]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 24 Oct 2025 11:16:16 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[पंजाब]]></category>
		<category><![CDATA[#Punjab]]></category>
		<category><![CDATA[Agriculture]]></category>
		<category><![CDATA[AirPollution]]></category>
		<category><![CDATA[AQI]]></category>
		<category><![CDATA[CleanAir]]></category>
		<category><![CDATA[ClimateChange]]></category>
		<category><![CDATA[DelhiPollution]]></category>
		<category><![CDATA[Environment]]></category>
		<category><![CDATA[EnvironmentalNews]]></category>
		<category><![CDATA[Farmers]]></category>
		<category><![CDATA[GreenFarming]]></category>
		<category><![CDATA[PollutionControl]]></category>
		<category><![CDATA[PunjabFarmers]]></category>
		<category><![CDATA[StubbleBurning]]></category>
		<category><![CDATA[SustainableFarming]]></category>
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					<description><![CDATA[हर साल की तरह इस साल भी दिल्ली (Delhi) गंभीर वायु प्रदूषण (Air Pollution) की चपेट में है। पर जैसे ही प्रदूषण बढ़ता है, राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप (Political Blame Game) भी शुरू हो जाते हैं। इस बार मामला थोड़ा अलग है। पंजाब (Punjab) से मिले नए आंकड़े बताते हैं कि पराली जलाने (Stubble Burning) की घटनाएँ [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>हर साल की तरह इस साल भी दिल्ली (Delhi) गंभीर वायु प्रदूषण (Air Pollution) की चपेट में है। पर जैसे ही प्रदूषण बढ़ता है, राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप (Political Blame Game) भी शुरू हो जाते हैं। इस बार मामला थोड़ा अलग है। पंजाब (Punjab) से मिले नए आंकड़े बताते हैं कि पराली जलाने (Stubble Burning) की घटनाएँ इस साल बेहद कम हुई हैं। फिर भी दिल्ली में इस प्रदूषण के लिए पंजाब के किसानों और वहां की सरकार को निशाना बनाया जा रहा है।</p>
<p><strong>पराली जलाने की घटनाओं में भारी कमी:</strong><br />
पंजाब सरकार के आंकड़ों के मुताबिक, 15 सितंबर से 21 अक्टूबर के बीच पराली जलाने की घटनाएँ इस प्रकार रही:</p>
<ul>
<li>2022: 3114 घटनाएँ</li>
<li>2023: 1764 घटनाएँ</li>
<li>2024: 1510 घटनाएँ</li>
<li>2025: महज़ 415 घटनाएँ</li>
</ul>
<p>इस साल की संख्या पिछले सालों के मुकाबले <strong>75% </strong><strong>से ज्यादा कम</strong> है। यह स्पष्ट रूप से दिखाता है कि पंजाब सरकार और किसानों ने मिलकर इस समस्या को काफी हद तक कंट्रोल कर लिया है।</p>
<p><strong>फिर भी क्यों विवाद</strong><strong>?</strong><br />
दिल्ली के नेताओं, खासकर भाजपा (BJP) के मनजिंदर सिंह सिरसा जैसे नेताओं ने सीधे पंजाब के किसानों को दिल्ली के प्रदूषण का जिम्मेदार बताया। लेकिन आंकड़े बताते हैं कि पराली जलाने की घटनाएं कम हुई हैं। यानी एक तरह से यह आरोप गलत लग रहा है।</p>
<p><strong>दिल्ली का प्रदूषण कहाँ से</strong><strong>?</strong><br />
यहाँ पर सवाल उठता है कि अगर पंजाब में पराली जलाना कम हुआ है, तो दिल्ली की हवा इतनी खराब क्यों है? विशेषज्ञ कहते हैं कि दिल्ली में प्रदूषण के मुख्य स्रोत हैं:</p>
<ul>
<li>वाहन (Vehicles)</li>
<li>औद्योगिक उत्सर्जन (Industrial Pollution)</li>
<li>निर्माण स्थलों से धूल (Dust from Construction)</li>
</ul>
<p><strong>आधिकारिक डेटा भी विरोधाभास दिखा रहा है:</strong></p>
<ul>
<li>पंजाब का AQI (Air Quality Index) इस समय दिल्ली की तुलना में लगभग 5 गुना बेहतर है।</li>
<li>अगर दिल्ली का स्मॉग सिर्फ पंजाब से आ रहा है, तो पंजाब की अपनी हवा इतनी साफ कैसे है?</li>
</ul>
<p><strong>राजनीतिक जटिलता:</strong><br />
यह मुद्दा सिर्फ दिल्ली और पंजाब सरकार का नहीं रह गया, बल्कि भाजपा (BJP) के भीतर भी विवाद खड़ा कर रहा है। पंजाब भाजपा नेताओं को यह तय करना होगा कि क्या वे दिल्ली में अपनी ही पार्टी के नेताओं द्वारा लगाए जा रहे आरोपों का समर्थन करेंगे या पंजाब के किसानों के साथ खड़े होंगे।</p>
<p><strong>निष्कर्ष:</strong><br />
पंजाब के किसानों और सरकार ने इस साल पराली जलाने को काफी कम कर दिया है। ऐसे में जरूरी है कि दिल्ली और केंद्र सरकार (Central Government) अपने शहर के अंदरूनी प्रदूषण स्रोतों पर ध्यान दें। किसानों के प्रयासों को स्वीकार किया जाना चाहिए, न कि सिर्फ उन्हें ही दोषी ठहराया जाए।</p>
<p><strong>सारांश:</strong></p>
<ul>
<li>पंजाब में पराली जलाने की घटनाएँ 75% से ज्यादा कम हुई हैं।</li>
<li>दिल्ली में प्रदूषण का मुख्य कारण केवल पंजाब नहीं है।</li>
<li>दिल्ली के वाहन, फैक्ट्रियां और निर्माण स्थल भी भारी भूमिका निभा रहे हैं।</li>
<li>राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बजाय समाधान खोजने की जरूरत है।</li>
</ul>
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			</item>
	</channel>
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